रायगढ़ किले पर संत गाडगेबाबा जयंती के अवसर पर स्वच्छता अभियान
वणी के शिवसैनिकों ने दी दो महापुरुषों को कर्म से श्रद्धांजलि अर्पित
रायगढ़:
महाराष्ट्र की ऐतिहासिक धरा रायगड किला के पायथ्य पर आज एक प्रेरणादायी और जागरूकता से भरा दृश्य सहायाद्री पर्वत मे 2700 फिट उंचाई पर जो आज देखने को मिला रहा है।
सन 1674 मे यही पर शिवाजी महाराज का राज्याभिषेक हुआ था। मुंबई से लगभग 170 की.मी. और पुणे से 130 की.मी. दुरी पर किला मौजूद हैं।
वणी के शिवसैनिकों ने हिंदवी स्वराज्य के संस्थापक छत्रपति शिवाजी महाराज की राजधानी रहे रायगढ़ किले की पवित्र भूमि पर संत शिरोमणि संत गाडगे बाबा की जयंती के अवसर पर स्वच्छता अभियान चलाकर अनोखी मानवंदना अर्पित की।
झाड़ू हाथ में लेकर कार्यकर्ताओं ने “स्वच्छता ही सच्चा धर्म है” — इस संदेश को केवल शब्दों तक सीमित नहीं रखा, बल्कि उसे जमीन पर उतारकर दिखाया।
स्वाभिमान और स्वच्छता का संगम
एक ओर शिवाजी महाराज द्वारा दिया गया स्वराज्य, स्वाभिमान और अनुशासन का आदर्श…
तो दूसरी ओर संत गाडगे बाबा का स्वच्छता, समाज सुधार और अंधश्रद्धा उन्मूलन का संदेश…
इन दोनों महान विचारों का संगम रायगढ़ की ऐतिहासिक भूमि पर देखने को मिला।
प्रमुख उपस्थित कार्यकर्ता
इस स्वच्छता अभियान में युवासेना उपजिला प्रमुख अजिंक्य शेंडे, माजी शहर प्रमुख राजू तुरणकर, माजी जिला परिषद सदस्य बंडू चांदेकर, नंदू ढूमने, दिवाकर नागतुरे, अरविंद कापसे, मनीष बतरा, परशुराम पोटे, चेतन उलमाले, मिलिंद बावणे, आदित्य नामेश बिलोरीया, श्रीकांत यशवंत उके, रौनक रवी बिलोरीया, सुयेश नगराळे, संजोग झाडे और तुषार दुरुटकर सहित वणी के अनेक शिवसैनिक शामिल रहे।
कार्यकर्ताओं ने स्पष्ट संदेश दिया —
“गढ़ स्वच्छ – विचार शुद्ध – समाज जागृत”
यह अभियान केवल जयंती समारोह नहीं था, बल्कि कर्म के माध्यम से दो महान विभूतियों के विचारों को जीवंत रखने का प्रयास था।