उद्योगों से देश की अर्थव्यवस्था को मिलेगी नई रफ्तार – मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस
न्यू एरा क्लिनटेक और ग्रेटा एनर्जी के हरित पोलाद (ग्रीन स्टील) प्रोजेक्ट की शुरुआत;
17 हजार करोड़ से अधिक निवेश, हजारों युवाओं को मिलेगा रोजगार
चंद्रपुर / भद्रावती :
विदर्भ क्षेत्र में मौजूद खनिज संपदा का पर्यावरण अनुकूल उपयोग करते हुए औद्योगिक विकास को नई दिशा देने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। चंद्रपुर जिले के भद्रावती एमआईडीसी क्षेत्र में न्यू एरा क्लिनटेक प्रा. लि. और ग्रेटा एनर्जी प्रा. लि. के एकीकृत ग्रीन स्टील प्रोजेक्ट का भूमिपूजन किया गया। इस अवसर पर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि उद्योगों के विकास से देश की अर्थव्यवस्था को बड़ी मजबूती मिलती है और रोजगार के नए अवसर पैदा होते हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विदर्भ में खनिज संपदा प्रचुर मात्रा में उपलब्ध है और उसका प्रदूषणमुक्त उपयोग करते हुए औद्योगिक परियोजनाएं स्थापित की जा रही हैं। इससे एक मजबूत इको-सिस्टम तैयार होता है, जिससे रोजगार के साथ-साथ सेवा क्षेत्र और पर्यटन क्षेत्र को भी लाभ मिलता है।
उन्होंने कहा कि दुनिया के सामने जलवायु परिवर्तन एक बड़ी चुनौती है। ऐसे में पर्यावरण को ध्यान में रखते हुए नई तकनीक के साथ उद्योगों की स्थापना की जा रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय कोयला मंत्री जी. किशन रेड्डी के नेतृत्व में कोल गैसीफिकेशन जैसी आधुनिक तकनीक को बढ़ावा दिया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि नागपुर, भंडारा और गोंदिया क्षेत्र में स्टील हब तैयार किया जा रहा है, जहां लगभग 3 लाख करोड़ रुपये का निवेश आएगा और करीब 1 लाख लोगों को रोजगार मिलेगा। उन्होंने कहा कि ग्रीन स्टील का भविष्य उज्ज्वल है और इसके लिए अंतरराष्ट्रीय बाजार में 100 प्रतिशत निर्यात की संभावनाएं मौजूद हैं।
फडणवीस ने कहा कि न्यू एरा और ग्रेटा एनर्जी के इन प्रोजेक्ट्स के माध्यम से चंद्रपुर और आसपास के क्षेत्र में करीब 10 हजार लोगों को रोजगार मिलने की संभावना है। साथ ही स्थानीय युवाओं को प्रशिक्षण देकर उन्हें तकनीकी और अन्य क्षेत्रों में नौकरी के अवसर उपलब्ध कराए जाएं। उन्होंने उद्योगों से अपील की कि 70 से 80 प्रतिशत रोजगार स्थानीय युवाओं को दिया जाए।
इस अवसर पर केंद्रीय कोयला एवं खान मंत्री जी. किशन रेड्डी ने कहा कि देश में कोयले की कोई कमी नहीं है और औद्योगिक विकास में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने कहा कि चंद्रपुर और भद्रावती क्षेत्र में आधुनिक तकनीक से लैस उद्योग आने से क्षेत्र के विकास को नई गति मिलेगी।
उन्होंने बताया कि इन दोनों परियोजनाओं के माध्यम से भद्रावती क्षेत्र में करीब 17 हजार करोड़ रुपये का निवेश होगा। साथ ही कोल गैसीफिकेशन के क्षेत्र में भारत आत्मनिर्भर बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है और आने वाले समय में यह क्षेत्र कोल गैसीफिकेशन का प्रमुख हब बनेगा।
ग्रेटा एनर्जी का स्टील प्रोजेक्ट
ग्रेटा एनर्जी समूह द्वारा भद्रावती एमआईडीसी क्षेत्र में कोल गैसीफिकेशन आधारित ग्रीनफील्ड स्टील प्रोजेक्ट स्थापित किया जा रहा है। इस परियोजना में पहले और दूसरे चरण को मिलाकर लगभग 10,319 करोड़ रुपये का निवेश किया जाएगा। इस प्रोजेक्ट से करीब 5 हजार लोगों को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार मिलने की संभावना है।
न्यू एरा क्लिनटेक का कोल गैसीफिकेशन प्रोजेक्ट
न्यू एरा क्लिनटेक कंपनी द्वारा भारत का पहला एकीकृत कोल गैसीफिकेशन (कोयला से रसायन) प्रोजेक्ट भद्रावती में 1650 एकड़ औद्योगिक क्षेत्र में स्थापित किया जा रहा है। इस परियोजना में हर साल 50 लाख मीट्रिक टन से अधिक कोयले पर प्रक्रिया कर उच्च मूल्य के रसायनों का उत्पादन किया जाएगा।
इस कार्यक्रम में आदिवासी विकास मंत्री और चंद्रपुर जिले के पालकमंत्री डॉ. अशोक उईके, वित्त व नियोजन राज्यमंत्री अधिवक्ता आशीष जयस्वाल, सांसद प्रतिभा धानोरकर, विधायक किशोर जोरगेवार, देवराव भोंगळे, करण देवतळे, पूर्व मंत्री हंसराज अहीर, पूर्व सांसद अजय संचेती, कोल इंडिया के चेयरमैन संजीव कुमार झा, वेकोलि के प्रबंध निदेशक हेमंत पांडे, हंशराज अहीर, जिलाधिकारी विनय गौड़ा, पुलिस अधीक्षक मुम्मका सुदर्शन,डाॅ.नरेद्र आचरेकर,बाळासाहेब तराडे व्यवस्थापक,संचालक मधुसुधन अग्रवाल,डाॅ.शिवकुमार,सी,पी,गुरुनांजी,सोनप्रित, अनंता कामे,समेत कई अधिकारी और जनप्रतिनिधि , नागरिक बडी उपस्थित रहे।