चंद्रपुर जिले से किडनी रैकेट मामले मे एसआईटी ने मुख्य आरोपी रामकृष्ण मल्लेश को सोलापुर से गिरफ्तार
आरोपी फर्जी डाक्टर बनकर किडनी प्रत्यर्पण का धंदा चला रहा था
चंद्रपुर:
चंद्रपुर जिले में ब्रम्हापुरी से सामने आए किडनी तस्करी के जटिल मामले में विशेष जांच टीम (SIT) ने एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। टीम ने इस किडनी रैकेट के मुख्य आरोपी रामकृष्ण मल्लेश को सोलापुर से गिरफ्तार किया है।आरोपी पर ब्रम्हापुरी पुलिस थाना में कलम 387,342,294,506,120(ब)336 महाराष्ट्र सावकार अधिनियमित 2014 के तहत कलम 39,44 दर्ज किया गया।साथ किडनी प्रत्यर्पण गुन्हा मामले मे ऍक्ट 1944 के नुसार कलम 18,19 मामला दर्ज हुआ।
बताया जा रहा है कि आरोपी मल्लेश काफी समय से पुलिस की पकड़ से बचता हुआ फरार था और लगातार अपने ठिकाने बदलता रहा। गुप्त सूचनाओं और तकनीकी निगरानी के आधार पर एसआईटी की टीम ने सोलापुर में छापा मारकर उसे गिरफ्तार किया। अब उसे कड़ी सुरक्षा के बीच चंद्रपुर जिले के ब्रम्हापुरी पुलिस थाना में लाया गया है।
जांच में पता चला है कि यह किडनी रैकेट आर्थिक रूप से कमजोर व्यक्तियों को लालच देकर या दबाव में लेकर अवैध किडनी प्रत्यारोपण करवाता था। इस नेटवर्क में दलाल, फर्जी दस्तावेज़ तैयार करने वाले एजेंट(preah ket mealea hospital hnom penh combodia), अस्पतालों से जुड़े कुछ लोग और अन्य राज्यों के संपर्क भी शामिल थे।
एसआईटी और ब्रम्हापुरी पुलिस अभी आरोपी से गहन पूछताछ कर रही है, जिससे इस रैकेट के पूरे नेटवर्क, वित्तीय लेन-देन और अन्य आरोपियों की भूमिका का खुलासा हो सके। अधिकारियों का मानना है कि इस गिरफ्तारी से रैकेट से जुड़े कई अहम सुराग हाथ लगेंगे।
पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि इस गंभीर अपराध में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और आगे भी गिरफ्तारियां संभव हैं।
इस गिरफ्तारी को चंद्रपुर किडनी रैकेट मामले में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है और उम्मीद की जा रही है कि इससे इस सनसनीखेज मामले में और भी बड़े खुलासे होंगे।