चंद्रपुर में लेजर लाइट और मॉडिफाइड DJ पर पूरी तरह प्रतिबंध
पोला, तान्हा पोला और गणेशोत्सव को लेकर पुलिस अधीक्षक आयुष नोपानी का सख्त आदेश; नियम तोड़ने पर उपकरण जब्त और गिरफ्तारी की कार्रवाई
चंद्रपुर, 8 सितंबर 2026।
चंद्रपुर जिले में आगामी पोला, तान्हा पोला, गणेशोत्सव और विसर्जन सहित विभिन्न धार्मिक, सांस्कृतिक एवं सार्वजनिक उत्सवों को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा और कानून-व्यवस्था को लेकर कड़े प्रतिबंध लागू किए हैं। पुलिस अधीक्षक आयुष नोपानी के आदेशानुसार ये विशेष प्रतिबंध 27 सितंबर 2026 की मध्यरात्रि तक लागू रहेंगे।
महाराष्ट्र पुलिस अधिनियम 1951 की धारा 36 और धारा 38(1) के तहत जारी आदेश में लेजर लाइट, अत्यधिक तीव्र फ्लैश लाइट और स्वास्थ्य के लिए नुकसानदायक प्रकाश व्यवस्था के इस्तेमाल पर पूरी तरह रोक लगाई गई है।
लेजर लाइट पर पूर्ण प्रतिबंध
जुलूस और सार्वजनिक कार्यक्रमों के दौरान मानव आंखों तथा स्वास्थ्य पर विपरीत प्रभाव डालने वाली अत्यधिक तीव्र प्रकाश व्यवस्था का इस्तेमाल नहीं किया जा सकेगा। पुलिस अधिकारी अथवा सक्षम प्राधिकारी जुलूस में इस्तेमाल होने वाले लाइट उपकरणों की जांच कर सकेंगे और खतरनाक पाए जाने पर उन्हें तत्काल बंद करने के निर्देश दे सकेंगे।
बिना अनुमति DJ और लाउडस्पीकर नहीं
सार्वजनिक स्थानों पर सक्षम प्राधिकारी की पूर्व अनुमति के बिना ध्वनिक्षेपक, लाउडस्पीकर और एम्प्लीफायर का इस्तेमाल नहीं किया जा सकेगा।
इसके साथ ही मॉडिफाइड साउंड सिस्टम, प्लाज्मा सिस्टम, वूफर और सबवूफर जैसे अत्यधिक तीव्र और नुकसानदायक आवाज पैदा करने वाले उपकरणों के इस्तेमाल पर भी पूर्ण प्रतिबंध रहेगा।
रात 10 बजे के बाद DJ पर सख्ती
रात 10 बजे से सुबह 6 बजे तक लाउडस्पीकर और DJ के इस्तेमाल पर सख्त रोक रहेगी। हालांकि जिला दंडाधिकारी द्वारा विशेष छूट दिए गए दिन और समय इसके अपवाद होंगे।
अस्पताल, शैक्षणिक संस्थानों और न्यायालयों के आसपास घोषित शांतता क्षेत्र (साइलेंस जोन) में ध्वनि प्रदूषण के नियमों का कड़ाई से पालन करना अनिवार्य होगा।
ध्वनि की तय की गई डेसिबल सीमा
- औद्योगिक क्षेत्र: दिन में 75 और रात में 70 डेसिबल
- व्यावसायिक क्षेत्र: दिन में 65 और रात में 55 डेसिबल
- आवासीय क्षेत्र: दिन में 55 और रात में 45 डेसिबल
- शांतता क्षेत्र: दिन में 50 और रात में 40 डेसिबल
नियम तोड़े तो उपकरण होंगे जब्त
पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। महाराष्ट्र पुलिस अधिनियम 1951 की धारा 70 के तहत ध्वनि और प्रकाश व्यवस्था से संबंधित उपकरणों को जब्त किया जा सकता है।
वहीं आयोजक, DJ ऑपरेटर अथवा वाहन चालक के खिलाफ धारा 72(2) के तहत बिना वारंट गिरफ्तारी की कार्रवाई भी की जा सकती है। इसके अलावा धारा 134 और 136 के तहत न्यायालय में मामला दर्ज किया जा सकता है।
पुलिस प्रशासन ने सभी नागरिकों, गणेश मंडलों, उत्सव समितियों और आयोजकों से अपील की है कि वे त्योहारों को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और नियमों का पालन करते हुए मनाएं तथा कानून-व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस प्रशासन का सहयोग करें।










