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विधानसभा में गूंजे किसानों, दुग्ध व्यवसाय और स्वास्थ्य सेवाओं के मुद्दे

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विधानसभा में गूंजे किसानों, दुग्ध व्यवसाय और स्वास्थ्य सेवाओं के मुद्दे



विधायक सुधीर मुनगंटीवार ने कृषि, डेयरी और मेडिकल सुविधाओं के विस्तार को लेकर सरकार के समक्ष रखीं अहम मांगें


मुंबई। महाराष्ट्र विधानसभा में वर्ष 2026-27 की अनुपूरक मांगों पर हुई चर्चा के दौरान पूर्व मंत्री एवं विधायक सुधीर मुनगंटीवार ने किसानों, दुग्ध व्यवसाय, सार्वजनिक स्वास्थ्य और महिला सशक्तिकरण से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों को प्रमुखता से उठाया। उन्होंने राज्य सरकार से कृषि योजनाओं के लिए अधिक वित्तीय प्रावधान, किसानों को समय पर अनुदान, डेयरी क्षेत्र को मजबूती और स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार की दिशा में ठोस कदम उठाने की मांग की।

कृषि विभाग की अनुपूरक मांगों पर बोलते हुए मुनगंटीवार ने कहा कि कृषि समृद्धि योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए पर्याप्त बजट उपलब्ध कराया जाना चाहिए। उन्होंने किसानों तक योजनाओं का लाभ समय पर पहुंचाने के लिए कृषि अधिकारियों को आवश्यक संसाधन और वाहनों की सुविधा देने की मांग की। साथ ही एक रुपये की फसल बीमा योजना के साथ कृषि अधोसंरचना में निवेश बढ़ाने पर भी जोर दिया।

उन्होंने नकली बीज, घटिया उर्वरक और कृषि सामग्री की धोखाधड़ी पर चिंता व्यक्त करते हुए ऐसे मामलों में त्वरित कार्रवाई के लिए ‘एग्रीकल्चर ऑफेंस विंग’ तथा फास्ट ट्रैक न्याय व्यवस्था स्थापित करने की मांग की। इसके अलावा उद्योगों के लिए बनाई जाने वाली ट्रांसमिशन लाइनों से प्रभावित किसानों को बाजार मूल्य के अनुसार उचित मुआवजा देने के लिए अलग नीति बनाने का सुझाव भी दिया।

डेयरी विकास विभाग पर चर्चा करते हुए विधायक मुनगंटीवार ने कहा कि वर्तमान बजट राज्य की आवश्यकताओं के अनुरूप पर्याप्त नहीं है। उन्होंने विदर्भ में देशी गाय अनुसंधान एवं प्रशिक्षण केंद्र स्थापित करने, देशी नस्लों के संरक्षण और दूध उत्पादन बढ़ाने के लिए विशेष आर्थिक प्रावधान करने तथा उत्पाद शुल्क से प्राप्त राजस्व का एक हिस्सा डेयरी क्षेत्र के विकास के लिए आरक्षित करने का प्रस्ताव रखा।

सार्वजनिक स्वास्थ्य विभाग पर बोलते हुए उन्होंने राज्य में नए मेडिकल कॉलेज शुरू किए जाने का स्वागत किया, लेकिन इन संस्थानों में डॉक्टरों, प्राध्यापकों और अन्य कर्मचारियों के रिक्त पदों को शीघ्र भरने की आवश्यकता पर जोर दिया। साथ ही चंद्रपुर में छात्राओं और कामकाजी महिलाओं के लिए ‘सखी निवास’, ‘जिजाऊ छात्रावास’ या ‘शक्ति सदन’ जैसे सुरक्षित आवासीय परिसर स्थापित करने की मांग भी सरकार के समक्ष रखी।

अपने संबोधन के अंत में विधायक सुधीर मुनगंटीवार ने विश्वास व्यक्त किया कि राज्य सरकार किसानों, दुग्ध व्यवसाय, स्वास्थ्य और ग्रामीण विकास से जुड़े इन सुझावों पर गंभीरता से विचार करेगी और इनके प्रभावी क्रियान्वयन के लिए आवश्यक कदम उठाएगी।

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