जिलाधिकारी वसुमना पंत का एक्शन मोड: अस्पतालों का औचक निरीक्षण, व्यवस्थाओं में सुधार के सख्त निर्देश
जिला अस्पताल से लेकर मेडिकल कॉलेज तक लिया जायजा, मरीजों से सीधे संवाद
चंद्रपुर:
कार्यभार संभालते ही जिलाधिकारी वसुमना पंत एक्शन मोड में नजर आ रही हैं। लगातार विभागीय बैठकों और औचक निरीक्षणों के जरिए वे जिले की व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने में जुटी हैं। गुरुवार को गैस एजेंसी का निरीक्षण करने के बाद शुक्रवार (10 अप्रैल) को उन्होंने जिला सामान्य अस्पताल और कर्मवीर मा.सा. कन्नमवार शासकीय वैद्यकीय महाविद्यालय का दौरा कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
इस दौरान मुख्य कार्यकारी अधिकारी पुलकित सिंह, अधिष्ठाता डॉ. मिलिंद कांबळे, जिला शल्य चिकित्सक डॉ. महादेव चिंचोळे, जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अशोक कटारे, एसडीओ विशालकुमार मेश्राम सहित कई अधिकारी उपस्थित रहे।
स्वच्छता और सुविधाओं पर सख्त निर्देश
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने अस्पताल परिसर में साफ-सफाई बनाए रखने के सख्त निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मरीजों के साथ आने वाले परिजनों के लिए स्वच्छ पेयजल और भोजन की उचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
निर्माणाधीन सुलभ शौचालय को जल्द पूरा कर आम नागरिकों के लिए उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए। साथ ही ओपीडी में मरीजों के लिए पर्याप्त बैठने की व्यवस्था (बेंच) करने को कहा।
मरीजों से संवाद, जमीनी हकीकत जानी
जिलाधिकारी पंत ने अस्पताल में भर्ती मरीजों और उनके परिजनों से सीधे बातचीत कर हालचाल जाना। उन्होंने नवजात शिशुओं की स्थिति, भोजन व्यवस्था, सीटी स्कैन की संख्या, सर्पदंश के मामलों सहित विभिन्न सेवाओं के बारे में जानकारी ली।
अधिष्ठाता डॉ. कांबळे ने बताया कि अस्पताल में रोजाना 1200 से 1500 मरीज ओपीडी में आते हैं और भर्ती मरीजों को बेहतर उपचार सुविधा दी जा रही है।
हर विभाग का बारीकी से निरीक्षण
निरीक्षण के दौरान उन्होंने आपातकालीन कक्ष, सोनोग्राफी व एक्स-रे विभाग, आईसीयू, बाल रोग वार्ड, नवजात शिशु आईसीयू, ऑपरेशन थिएटर, पोषण एवं पुनर्वास केंद्र, मानसिक स्वास्थ्य जांच कक्ष, फिजियोथेरेपी, दंत विभाग और नर्सिंग कॉलेज सहित विभिन्न विभागों का गहन निरीक्षण किया।
नए मेडिकल कॉलेज का भी लिया जायजा
जिलाधिकारी ने बल्लारपुर मार्ग स्थित निर्माणाधीन कर्मवीर मा.सा. कन्नमवार शासकीय मेडिकल कॉलेज का भी दौरा किया। यहां उन्होंने लंबित कार्यों की जानकारी ली और संबंधित एजेंसियों को काम तेजी से पूरा करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि जल्द ही समीक्षा बैठक लेकर लंबित कार्यों को पूरा कराया जाएगा, ताकि नए परिसर में अस्पताल का स्थानांतरण सुचारू रूप से किया जा सके।
जिलाधिकारी के इस सख्त और सक्रिय रुख से साफ है कि अब जिले की स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार को लेकर प्रशासन गंभीर है और लापरवाही किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।