सिंधी विस्थापितों को मिलेगा मालिकाना हक, विशेष अभय योजना के तहत शिविर आयोजित
चंद्रपुर, 17 जून। राज्य सरकार द्वारा अधिसूचित सिंधी विस्थापित क्षेत्रों में रहने वाले नागरिकों की लंबे समय से लंबित भूमि संबंधी समस्याओं के समाधान के लिए चलाई जा रही “विशेष अभय योजना” के अंतर्गत बुधवार को चंद्रपुर में एक विशेष शिविर का आयोजन किया गया। इस योजना के माध्यम से सिंधी विस्थापित नागरिकों को उनकी आवासीय एवं व्यावसायिक जमीनों के शर्तभंग नियमितीकरण तथा फ्री-होल्ड प्रक्रिया के जरिए मालिकाना हक प्रदान किया जाएगा।
जिलाधिकारी विनय गौड़ा जी.सी. के निर्देशानुसार उपविभागीय अधिकारी विशाल कुमार मेश्राम के मार्गदर्शन में सिंधी समाज भवन, चंद्रपुर में आयोजित इस शिविर में बड़ी संख्या में सिंधी विस्थापित नागरिकों ने भाग लिया।
शिविर में नायब तहसीलदार प्रियंका मानकर, मंडल अधिकारी प्रवीण वर्भे, ग्राम राजस्व अधिकारी योगेश सागुड़ले, चांदा राय तथा राजस्व एवं भूमि अभिलेख विभाग के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।
अधिकारियों ने उपस्थित नागरिकों को विशेष अभय योजना-2024 की विस्तृत जानकारी दी। इस दौरान आवश्यक दस्तावेज, आवेदन प्रक्रिया, पात्रता की शर्तें, अधिमूल्य भुगतान की प्रक्रिया, भूमि के शर्तभंग नियमितीकरण तथा फ्री-होल्ड संबंधी नियमों की जानकारी प्रदान की गई। साथ ही नागरिकों की विभिन्न शंकाओं का समाधान कर उन्हें आवश्यक मार्गदर्शन भी दिया गया।
शिविर के दौरान कुल 40 आवेदन पत्र पूर्ण रूप से भरकर स्वीकार किए गए। प्राप्त सभी आवेदनों को आगे की जांच एवं आवश्यक कार्रवाई के लिए जिलाधिकारी कार्यालय भेजा जाएगा। पात्र मामलों पर शासन के नियमानुसार कार्रवाई कर संबंधित नागरिकों को मालिकाना हक प्रदान किया जाएगा।
राजस्व प्रशासन ने सिंधी विस्थापित नागरिकों से अपील की है कि वे इस विशेष अभय योजना का अधिक से अधिक लाभ उठाएं और अपने भूमि संबंधी मामलों का नियमितीकरण कराएं। योजना के माध्यम से वर्षों से लंबित मालिकाना हक के मामलों को राहत मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।