घुग्गुस में कोयला ट्रक जलकर खाक, आग के कारण पर सस्पेंस; शॉर्ट सर्किट या साजिश?
चंद्रपुर। जिले के घुग्गुस में 29 सितंबर की रात मुंगोली कोयला खदान से घुग्गुस रेलवे साइडिंग की ओर कोयला परिवहन कर रहे एक ट्रक में अचानक आग लग गई। देखते ही देखते ट्रक पूरी तरह जलकर खाक हो गया। आग लगने का वास्तविक कारण अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है। घुग्गुस पुलिस मामले की जांच कर रही है।
जानकारी के अनुसार, मुंगोली कोयला खदान से घुग्गुस रेलवे साइडिंग तक कोयला परिवहन का ठेका केवीआरआर इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी को दिया गया है। कंपनी के पास करीब 20 ट्रक बताए जा रहे हैं। 29 सितंबर की रात करीब 10:30 बजे MH-34-CQ-3385 क्रमांक का ट्रक मुंगोली खदान से घुग्गुस रेलवे साइडिंग की ओर रवाना हुआ था। कोयला खाली करने के बाद ट्रक खदान की ओर वापस लौट रहा था। इसी दौरान बैराम बाबा मंदिर के पास अचानक ट्रक में आग लग गई।
चालक ने युवकों पर लगाया आग लगाने का आरोप
घटना के बाद ट्रक चालक रमाकांत सिंह गॉड की ओर से दावा किया गया कि कुछ युवकों ने ट्रक को रोककर उस पर पेट्रोल डालकर आग लगा दी। इसके बाद क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाएं और अफवाहें फैलने लगीं।
हालांकि, घटनास्थल के पीछे कंपनी के दो अन्य ट्रक भी मौजूद थे। उनके चालकों ने शॉर्ट सर्किट के कारण आग लगने की आशंका जताई है। उनका कहना है कि यदि किसी समूह ने ट्रक पर हमला कर आग लगाई होती, तो चालक मदद के लिए उनके पास आता और हमलावर दूसरे ट्रकों को भी निशाना बना सकते थे। ऐसा कुछ नहीं हुआ।
स्थानीय बनाम बाहरी कंपनियों के ठेके को लेकर चर्चा
घटना के बाद परिवहन व्यवसाय से जुड़े लोगों में यह चर्चा भी है कि स्थानीय परिवहन व्यवसायियों के बजाय बाहरी कंपनियों को कोयला परिवहन का ठेका मिलने से नाराजगी पैदा हुई है और इसी नाराजगी के चलते यह घटना हुई हो सकती है। हालांकि, यह फिलहाल केवल चर्चा और आशंका है। इसकी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
आग की घटना में कंपनी को लाखों रुपये के नुकसान की जानकारी सामने आई है। कंपनी की ओर से पुलिस में शिकायत दर्ज कराई जाने की बात कही गई है। शिकायत मिलने के बाद पुलिस विभिन्न पहलुओं से मामले की जांच करेगी।
ट्रक में आग शॉर्ट सर्किट से लगी या जानबूझकर आग लगाई गई—इसका वास्तविक कारण पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट होगा। पुलिस ने नागरिकों से अपुष्ट खबरों और अफवाहों पर विश्वास न करने की अपील की है।










